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**पटवारी की मनमानी, तहसीलदार के आदेशों की उड़ाई धज्जियां — किसान परेशान**

**पटवारी की मनमानी, तहसीलदार के आदेशों की उड़ाई धज्जियां — किसान परेशान**

**मरवाही (जीपीएम)** कृष्णा पांडे
जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के मरवाही तहसील अंतर्गत ग्राम कुम्हारी में राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यहां पटवारी द्वारा कथित मनमानी और तहसीलदार के आदेशों की अनदेखी का मामला सामने आया है, जिससे स्थानीय किसान खासे परेशान हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, खसरा क्रमांक 211/3 एवं 211/4 की भूमि पर अतिक्रमण की शिकायत की गई थी। उक्त भूमि पर इंद्रपाल तिवारी एवं गामा प्रसाद तिवारी वर्ष 1975 से काबिज काश्तकार हैं। बताया जा रहा है कि उनके नाम पर लगभग 25 डिसमिल भूमि राजस्व अभिलेखों में विधिवत दर्ज है।

इस मामले में तहसीलदार मरवाही द्वारा पटवारी तारकेश्वर ध्रुव को स्थल निरीक्षण कर पंचनामा सहित प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। लेकिन आरोप है कि पटवारी ने बिना पंचनामा किए ही 19 मार्च 2026 को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत कर दी, जो नियमों के विपरीत है। इस पर इंद्रपाल तिवारी ने लिखित रूप से आपत्ति दर्ज कराई।

आपत्ति के बाद तहसीलदार ने मामले की संयुक्त रूप से मौके पर जांच करने का आदेश जारी किया। इसके बावजूद 28 मार्च 2026 को पटवारी द्वारा इंद्रपाल तिवारी को जो नोटिस भेजा गया, उसमें जांच के लिए खसरा नंबर 210 अंकित कर दिया गया, जो विवादित भूमि से संबंधित नहीं है।

गौरतलब है कि खसरा क्रमांक 210 पर वर्तमान में भंवर सिंह कॉलेज मरवाही स्थित है, जिससे स्पष्ट होता है कि नोटिस में गंभीर त्रुटि की गई है। इस प्रकार की लापरवाही और मनमानी से राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।

ग्रामीणों और प्रभावित पक्ष का कहना है कि इस तरह की कार्यशैली से आम जनता और किसानों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कलेक्टर महोदया से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न दोहराई जाएं।

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